Tata Steel
HOME    Contact Us    Sitemap    Search  Advanced Search

Co0mpanyInvestor RelationsNewsroomSales NetworkSustainabilityCareersAspire

hmo_ > H$ånZr > नये निवेश > - तमिलनाडु

    

टाटा स्टील टाइटेनियम डाइऑक्साइड प्रोजेक्ट

स्थानः- तमिलनाडु का ट्यूटीकोरिन ज़िला

क्षमताः- प्रति वर्ष 60,000 टन टाइटेनियम डाइऑक्साइड

योजनाः- चरणबद्ध तरीक़े से टाइटेनियम डाइऑक्साइड निर्माण संयंत्र (प्लांट) की स्थापना

1998 में भारत सरकार द्वारा मिनेरल सैंड सेक्टर में उदारीकरण के बाद, कंपनी ने तमिलनाडु में टेरी मिनेरल सैंड के आंतरिक भंडार की खोज हेतु लाइसेंस के लिए आवेदन किया। 27 जून 2002 को, टाटा स्टील लिमिटेड ने तमिलनाडु सरकार के साथ अपने टाइटेनिया प्रोजेक्ट के तहत खनन, ख़निज पृथक्कीकरण (सेपरेशन) एवं मूल्य संवर्द्धन (वैल्यू ऐडिशन) हेतु एक समझौता-पत्र पर हस्ताक्षर किया। कंपनी, प्रौद्योगिकी-आर्थिकी की निहित संभावना के उद्देश्य के साथ चरणबद्ध तरीक़े से पिगमेंट उत्पादन द्वारा चरम स्तर पर मूल्य संवर्द्धन करने का इरादा रखती है।

कंपनी को भारत सरकार सहित तमिलनाडु सरकार द्वारा तिरुनेलवली एवं ट्यूटीकोरिन ज़िले के 80 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र में खोज हेतु लाइसेंस की स्वीकृति मिल गयी। डीएई से एनओसी, एमओईएफ से पर्यावरणीय स्थल अनापत्ति (एन्वायरॉन्मेंटल साइट क्लियरेंस) मिलने के बाद तथा पट्टा भू-स्वामी की मर्ज़ी से, कंपनी ने खोज शुरू की।

फिनलैंड का यूएसए स्थित फिज़िकल सेपरेशन डिवीज़न, ऊतोकुम्पू, जर्मनी स्थित ऊतोकुम्पू-लर्जी, यूएसए स्थित रिसोर्स ऐंड माइनिंग कन्सल्टेटिंग कंपनी, पिनकॉक ऐलेन ऐंड होल्ट तथा एल ऐंड टी के सहयोगी-समूह की मदद से संभावना तलाशी अध्ययन किया गया। कंपनी को ओनर्स कंसल्टेंट के तौर पर एमएन दस्तूर कंपनी तथा ऑस्ट्रेलिया स्थित मार्केटिंग ऐंड प्रोसेस कंसल्टेंट्स, टीज़ेडएमआई का सहयोग प्राप्त है। इस अध्ययन को दो भागों में पूरा किया जाना था - पहला भौगोलिक संसाधनों का मूल्यांकन तथा दूसरा खनिज पृथक्कीकरण (सेपरेशन) एवं कार्य-संपादन ख़ाका (फ्लो शीट) पर मान्यता प्राप्त करना व उसे बेहतर बनाना। भंडार-क्षेत्र (सत्तनकुलम एवं कुट्टम) में खनिज के तत्त्वों का संयोजन समान है और इनमें 65-70 प्रतिशत इल्मेनाइट, 4-6 प्रतिशत रूटाइल, 4 प्रतिशत ज़िर्कोन और 15-16 प्रतिशत सिलिमेनाइट पाया गया है। इस संभावना तलाशी अध्ययन से परियोजना के प्रौद्योगिकी-आर्थिकी टिकाऊपन हेतु पर्याप्त खनिज संसाधन का पता चल गया है।

परियोजना द्वारा पर्यावरण पर पड़ने वाले प्रभाव का भी अध्ययन किया गया और तदनुसार एमआईएन-एमईसी कन्सल्टेंसी के सहयोग से पर्यावरण प्रबंधन योजना भी तैयार की गयी। विकिरण संबंधी पर्यावरणीय अध्ययन करने में तमिलनाडु के मनोमनियम सुन्दरनर विश्वविद्यालय और माइन से लोगों को दूसरे स्थान पर पुनर्स्थापित करने के कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार करने में तमिलनाडु एग्रिकल्चर विश्वविद्यालय को शामिल किया गया।

इल्मेनाइट का उत्पादन यहाँ की उत्पादन क्षमता का आधार तय करेगा। परियोजना के तहत शुरू में प्रति वर्ष 5 लाख टन इल्मेनाइट के उत्पादन की तैयारी चल रही है जिसे बाद में बढ़ाकर 10 लाख टन किया जायेगा। परियोजना से सीधे तौर पर 400 लोगों को रोज़गार मिलेगा, जबकि आस-पास के गाँवों के 2000 से अधिक लोग, अप्रत्यक्ष तौर पर लाभान्वित होंगे। टाटा बिज़नेस यूनिट, आवश्यकता आधारित सामाजिक विकास कार्यक्रम तैयार करेगी और उसे क्रियान्वित भी करेगी, ताकि परियोजना स्थल के आस-पास की समस्त जनसंख्या को इसका लाभ मिल सके।

परियोजना के पहले चरण में खनन एवं खनिज पृथक्करण (सेपरेशन) हेतु सुविधा का विकास किया जाना शामिल है। टेरी सैंड (बालू) का खनन फ्रांट-एंड लोडर एवं कन्वेयर सिस्टम की मदद से किया जायेगा। रन ऑफ माइन को पहले प्राइमरी कन्सेंट्रेशन प्लांट में भेजा जायेगा, जहाँ से होने वाली प्राप्ति को मिनरल सेपरेशन प्लांट भेजा जायेगा। तमिलनाडु के भीतरी भूभागों के टेरी सैंड भंडार की माइनिंग एवं प्रोसेसिंग, उसमें स्लाइम की ऊँची मात्रा तथा प्रोसेसिंग हेतु पानी की अनुपलब्धता के कारण, काफी चुनौतीपूर्ण है। बावजूद इसके, टाटा स्टील लिमिटेड खनन एवं मूल्य संवर्द्धन के अपने गहरे अनुभव के साथ इस भंडार-क्षेत्र को वैश्विक दर्जा दिलाने को प्रतिबद्ध है, जिससे इस क्षेत्र में रहने वाले लोगों के सामाजिक-आर्थिक स्तर में स्पष्ट सुधार आयेगा।

भूमि-अधिग्रहण एवं पर्यावरणीय अनापत्ति (एन्वायरॉन्मेंटल क्लियरेंस) की प्रक्रिया जारी है। उत्पादन की शुरुआत 2008 के मध्य से से शुरू होने की संभावना है।

 

झारखंड | छत्तीसगढ | उड़ीसा - कलिंगानगर | उड़ीसा - धामड़ा बंदरगाह
तमिलनाडु | नैटस्टील-एशियाईरान | टाटा स्टील-थाइलैंड | ऑस्ट्रेलिया | दक्षिण अफ्रीका | बांग्लादेश

 

 

Go to Top

 

 
Careers with Tata Steel
Steel Making Process
 
H$ånZr : {ZdofH$ gå~ÝY : g_mMma H$j : goëg ZoQ>dH$© : XrK©H$mbrH$Vm : Or{dH$m : Eñnm`a
_wI