टाटा स्टील एवं एल ऐंड टी का 50-50 की साझेदारी वाला संयुक्त उपक्रम
धामड़ा बंदरगाह परियोजना उड़ीसा व उसके अन्य पड़ोसी राज्यों के आर्थिक विकास को गति देने में बहुत बड़ी भूमिका निभायेगा। बंदरगाह के निर्माण एवं परिचालन से क्षेत्र के लोगों के लिए रोज़गार के नये अवसर उपलब्ध होंगे। धामड़ा बंदरगाह, इससे जुड़ी सड़कें एवं रेलवे से उड़ीसा में मौजूद औद्योगिक आधारभूत संरचना (इंफ्रास्ट्रक्चर) की उपलब्धता को मज़बूती मिलेगी। इसके फलस्वरूप, लॉजिस्टिक में होने वाली कम लागत के लाभ को देखकर कई अन्य उद्योग उड़ीसा की ओर आकर्षित होंगे।
इस प्रस्ताव के तहत सभी मौसमों के उपयुक्त एक गहरे बंदरगाह के निर्माण की योजना है जो 25 मिलियन टन की अधिकतम क्षमता वाले बल्क कार्गो के संचालन में सक्षम होगा। 2007 के दिसंबर तक इस परियोजना के परिचालन के शुरू होने की संभावना है। बंदरगाह के अंतर्गत मेटेरियल स्टोरेज यार्ड, उसके साथ-साथ मशीन द्वारा मेटेरियल हैंडलिंग की सुविधा तथा बंदरगाह स्थल एवं दक्षिण-पूर्व रेलवे नेटवर्क पर स्थित भद्रक के बीच 62 किलोमीटर लंबे निजी रेल लिंक का निर्माण प्रस्तावित है।
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